Breaking News

बारिश से जिला नहाया, चौबीस घंटे से हो रही रूक-रूककर बारिश

रीवा। अखिरकार मेघराज अषाढ़ मास के दूसरे पखवाड़े में मेहरबान हुए और हो रही बारिश से जिला नहा गया है। पिछले 24 घंटे से रूक-रूककर बारिश का दौर जारी है। रिमझिम भरी बारिश के चलते ठण्डक भी घुल गई है। बारिश हो जाने से किसानों के चेहरे भी खिल गए हैं। किसानों को इस बारिश का पिछले एक पखवाड़े से इंतजार था कि बारिश का दौर शुरू हो और दलहनी फसलों के साथ ही धान की नर्सरी भी वे तैयार कर सकें। लगातार बारिश होने से अब कृषि कार्य में तेजी आएगी। मौसम खुलने के साथ ही बोनी का कार्य किसान कर सकेंगे। अरहर, उड़द, मूंग,सोयाबीन के साथ-साथ धान की फसल की बोनी भी शुरू हो जाएगी। जिस तरह से मौसम का मिजाज पूर्व में रहा है उसके चलते बोनी का कार्य इस वर्ष एक सप्ताह पिछड़ गया है। 
बारिश से जिला नहाया, चौबीस घंटे से हो रही रूक-रूककर बारिश

हो रहे जल भराव

लगातार बारिश होने के चलते जल भराव होने की खबरें जिलेभ्ार से प्राप्त हो रही हैं। सबसे ज्यादा समस्या नगरीय एवं आवासीय क्षेत्रों में सामने आ रही है। शहर के हाऊसिंग बोर्ड कालोनी में जल भराव के चलते लोगों को समस्या आई वहीं ननि प्रशासन पानी की निकासी को बनाने के लिए लगा रहा। इसी तरह नईगढ़ी का थाना परिसर तथा अस्पताल परिसर जल मग्न रहा और पानी भर जाने से कार्यालय के कामकाज में समस्या आई। तराई क्षेत्र त्योंथर, डभौरा तो वहीं हनुमना भी बारिश ज्यादा होने के कारण रहवासी क्षेत्रों में जल भराव के चलते जन-जीवन पर असर पड़ा है और लोग जलभराव के लिए पानी की निकासी की सही व्यवस्था न होने तथा गंदगी और कचरों से पटी नालियों को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। 

गिर रहे हैं जर्जर भ्ावन

पुराने और जर्जर भवन बारिश के चलते गिर रहे हैं। शहर के पुराने रेवांचल बस स्टैण्ड का छज्जा और पोर्च का प्लास्टर भर-भराकर गिर जाने से खलबली मच गई। तो वहीं मंगलवार को प्रशासन के कर्मचारी बस स्टैण्ड के शेष बचे छज्जा को भी गिराने के लिए लगे रहे। हादसा होने के बाद प्रशासन को इस तरह की लापरवाही को लेकर नींद टूटी और जर्जर बस स्टैण्ड के भवन को ठीक करने का काम किया जा रहा है। बस स्टैण्ड का छज्जा जिस समय गिरा उसके नीचे संयोग से लोग नहीं थे अन्यथा जनहानि हो सकती थी और बड़ी घटना से इंकार नहीं किया जा सकता। ज्ञात हो कि लगभग 27 वर्ष पूर्व रेवांचल बस स्टैण्ड का निर्माण कार्य नए सिरे से नगर निगम प्रशासन के द्वारा करवाया गया था। भवन की गुणवत्ता की कहानी गिरा हुआ छज्जा बयां कर रहा है कि समय से पहले जर्जर होने के साथ ही भवन गिर रहा है। 

हनुमना में हुई सबसे ज्यादा बारिश

जिले के उत्तर प्रदेश की सीमा से लगा हुआ हनुमना विकासखण्ड बारिश को लेकर अब तक में सबसे ज्यादा धनी रहा है। भू-अभिलेख विभाग से जारी वर्षा के आंकड़े के मुताबिक हनुमना में 211.7 मिमी वर्षा रिकार्ड की गई है। जबकि सबसे कम रायपुर कर्चुलियान विकासखण्ड में अब तक बारिश हुई है और रायपुर विकासखण्ड क्षेत्र में महज 74 मिमी बारिश अब तक में हुई है। 


No comments